एपिस्टीन फाइल्स: भारतीय राजनीति में आएगा भूचाल

  • [By: Pramod DaulatRam || 2025-12-19 01:29 IST
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एपिस्टीन फाइल्स: भारतीय राजनीति में आएगा भूचाल

19 दिसंबर 2025 यानी कल अमेरिका में जेफ्री एपिस्टेन से जुड़ी सेक्स ट्रैफिंग केस की फाइलें खुलने जा रही है। जिसके खुलते ही भारत समेत कई देशों की राजनीति में भूचाल आ सकता है क्योंकि इस सेक्स फ़ाइलों में भारत के टॉप पॉलिटिशियन, बिजनेसमैन और कई नए बड़े लोगों का भी नाम शामिल है।

एपस्टीन फ़ाइलें क्या हैं: दरअसल 2008 में, जेफ्री एपस्टीन नाम के एक बेहद अमीर अमेरिकी फाइनेंसर कई गरीब और नाबालिग लड़कियों को सेक्स रैकेट में जबरन धकेला। उसने नाबालिग लड़कियों के साथ बलात्कार किया, दुष्कर्म किया। इतना ही नहीं एप्सटीन ने भारत और अमेरिका समेत कई देशों के टॉप बिजनेसमैन राजनेताओं को नाबालिग लड़कियों सप्लाई की।यह मामला तब खुला जब अमेरिका के फ्लोरिडा शहर में एक 14 साल की लड़की के माता-पिता ने पुलिस स्टेशन में यह कहते हुए एक शिकायत दर्ज कराई कि जैफ्री एपस्टीन ने पाम बीच स्थित अपने घर पर उनकी बेटी का यौन उत्पीड़न किया था और दूसरों से भी करवाया था।

जब पुलिस ने उस घर की तलाशी ली तो पुलिस को उस पूरे घर में कई नाबालिग लड़कियों की तस्वीरें मिलीं। जांच में मिले तमाम सबूतों के आधार पर पुलिस को जैफ्री एपिस्टेन को  नाबालिग लड़की से वेश्यावृत्ति करवाने का दोषी ठहराया गया, जिसके लिए एपिस्टीन को सेक्स अपराधी के तौर पर रजिस्टर किया गया। इसके बाद उसे लगभग 13 महीने जेल की सजा भुगतनी पड़ी। उसका जेल जाना दुनिया के कई टॉप पॉलिटिशियन और बिजनेमैन का बीपी बढ़ा रहा था। कहा जाता है कि एपिस्टेन ने जेल में ही आत्महत्या कर ली थी। लेकिन कुछ मीडिया रिपोर्ट्स की माने तो उसकी हत्या की गई थी।

जेफ्री एपिस्टेन की इन आपराधिक जाँचों में बड़ी संख्या में ऑडियो, वीडियो और तस्वीरें एवं अन्य दस्तावेज़ जमा किए गए थे, जिनमें पीड़ितों और गवाहों के इंटरव्यू की ट्रांसक्रिप्ट और उसकी अलग-अलग प्रॉपर्टी पर की गई छापेमारी से ज़ब्त की गई चीज़ें शामिल थीं।

इसके बाद अमेरिकी न्याय विभाग के 2025 के एक मेमो के अनुसार, अमेरिकी फेडरल ब्यूरो ऑफ़ इन्वेस्टिगेशन (FBI) को अपने डेटाबेस, हार्ड ड्राइव और अन्य स्टोरेज में 300 जीबी  से ज़्यादा डेटा और फिजिकल सबूत मिले।

सेक्स ट्रैफिंग से जुड़ा जैफ्री एपिस्टीन एक बेहद रईस अमेरिकी फाइनेंसर था। वह नाबालिग लड़कियों के साथ दुष्कर्म करने और दुनिया के टॉप पॉलिटिशियन और बिजनेमैन को नाबालिग लड़कियों सप्लाई करने के लिय कुख्यात था। जैफ्री एपिस्टीन पर भारत और अमेरिका समेत कई देशों के टॉप पॉलिटिशियन और बिजनेमैन को नाबालिग लड़कियों को सप्लाई करने का गंभीर आरोप है। हालांकि 2019 में जेल में सजा काटते हुए ही इसने आत्महत्या कर ली थी, ऐसी खबरें जेल से बाहर आई। लेकिन इसमें पूरी तरह से सच्चाई नहीं है। 20 नवंबर 2025 को खुद अमेरिका ने आगे आकर इन एपिस्टीन फाइलों को 30 दिन में खोलने के लिय बाकायदा अमेरिकी संसद में एक विधेयक पारित किया जिस पर अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रूप ने हस्ताक्षर किए थे। अब 19 दिसंबर 2025 को तीस दिन की अवधि पूरी हो रही है। अब सेक्स स्कैंडल की ये बदनाम फाइलें खुलेगी और दुनिया भर के बड़े बड़े टॉप पॉलिटिशियन, बिजनेसमैन, मिनिस्टर्स एवं अन्य कई लोगों का पर्दाफाश हो जाएगा।

भारत में विपक्ष के कई नेताओं का कहना है कि 19 दिसंबर को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को इस्तीफा होगा और महाराष्ट्र से भाजपा का नेता प्रधानमंत्री बनेगा। उद्धव ठाकरे की शिवसेना के प्रवक्ता संजय राउत ने इस बारे में एक वीडियो जारी किया है। आपको भी संजय राउत की यह वीडियो बाइट जरूर सुननी चाहिए।

इन्हीं जैफ्री एपिस्टीन फाइल्स के संबंध में द हिन्दू अखबार ने 10 दिसंबर को एक रिपोर्ट प्रकाशित की। जिसके अनुसार अमेरिकी न्यायाधीश ने लीगल डिपार्टमेंट को एपिस्टेन की 2018 की सेक्स ट्रैफिंग केस की फ़ाइलों को खोलने की अनुमति प्रदान कर दी है।

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